Baidyanath Vita Ex Gold Plus -
Baidyanath Vita Ex Gold Plus - Baidyanath Vita Ex Gold Plus - Made with Pure Shilajit and Fortified with Swarna Bhasma - 20 Capsules Visit the Baidyanath Store 3.4 out of 5 stars 355 ratings | 13 answered questions 1आयुर्वेद के अनुसार शिलाजीत की उत्पत्ति पत्थर से हुई है। गर्मी के मौसम में सूरज की तेज गर्मी से पहाड की चट्टानों के धातु अंश पिघल कर रिसने लगता है। इसी चीज को शिलाजीत कहा जाता है। यह देखने में तारकोल की तरह काला तथा गाढ़ा होता है जो सूखने के बाद एकदम चमकीला रूप ले लेता है। 2 यह खाने मे काफी कडवा, कसैला, गर्म तथा वीर्यवर्धक होता है। शिलाजीत का मुख्य उद्देश्य शरीर को बल देकर उसे निरोग ,ताकतवर तथा पुष्ट बनाना होता है। शिलाजीत के सूखने पर उसमें गाये के पेशाब जैसी गंध आती है। इसके सेवन से न केवल सेक्स पॉवर बढ़ती है बलके इसके शरीर पर कई अन्य प्रभाव भी होते हैं जिनकी सहायता से बुढापा भी दूर रहता है। 3 शिलाजीत के प्रयोग शिलाजीत चार प्रकार का होता है: रजत, स्वर्ण, लौह तथा ताम्र शिलाजीत। प्रत्येक प्रकार की शिलाजीत के गुण तथा लाभ भी उनकी कूदरति के ही अनुसार हो...






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